- Hindi News
- उत्तर प्रदेश
- लखनऊ
- यूपी में एआईएस पेंशनरों को बड़ी राहत, महंगाई राहत बढ़ाकर 60 प्रतिशत की गई
यूपी में एआईएस पेंशनरों को बड़ी राहत, महंगाई राहत बढ़ाकर 60 प्रतिशत की गई
लखनऊ। योगी सरकार ने अखिल भारतीय सेवा (एआईएस) के पेंशनरों और पारिवारिक पेंशनरों को बड़ी राहत देते हुए महंगाई राहत (डीआर) में वृद्धि का आदेश जारी किया है। राज्य सरकार ने डीआर को 58 प्रतिशत से बढ़ाकर 60 प्रतिशत कर दिया है। वित्त विभाग ने इस संबंध में कार्यालय ज्ञाप जारी करते हुए सभी विभागों और कोषागारों को आदेश का अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
नई व्यवस्था एक जनवरी 2026 से प्रभावी मानी जाएगी। बढ़ी हुई महंगाई राहत मूल पेंशन और पारिवारिक पेंशन दोनों पर देय होगी।
इन पेंशनरों को मिलेगा लाभ
सरकारी आदेश के अनुसार यह लाभ केंद्रीय पेंशनरों, रक्षा सेवा पेंशनरों, रेलवे पेंशनरों तथा अखिल भारतीय सेवा यानी आईएएस, आईपीएस और भारतीय वन सेवा के पेंशनरों एवं उनके पारिवारिक पेंशनरों को मिलेगा। प्रोविजनल पेंशन प्राप्त करने वाले भी इस दायरे में शामिल होंगे।
सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि भुगतान के दौरान रुपये के अंश को अगले पूरे रुपये में राउंड ऑफ किया जाएगा।
विभागों को जारी हुए निर्देश
वित्त विभाग ने सभी अपर मुख्य सचिवों, प्रमुख सचिवों, विभागाध्यक्षों, पेंशन निदेशालय और कोषागारों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश जारी कर दिए हैं। सूत्रों के मुताबिक प्रदेश में हजारों एआईएस पेंशनर और पारिवारिक पेंशनर इस फैसले से लाभान्वित होंगे।
सरकार का मानना है कि महंगाई राहत में वृद्धि से पेंशनरों को बढ़ती महंगाई से राहत मिलेगी और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।
खास बातें
- महंगाई राहत 58% से बढ़ाकर 60%
- एक जनवरी 2026 से लागू
- केंद्र सरकार के आदेश के अनुपालन में फैसला
- मूल पेंशन और पारिवारिक पेंशन पर लागू
- भुगतान अगले पूरे रुपये में राउंड ऑफ होगा
67.5 लाख पेंशनरों को मिलेगा फायदा
राज्य सरकार के विभिन्न विभागों और अखिल भारतीय सेवाओं को मिलाकर उत्तर प्रदेश में कुल पेंशनभोगियों और पारिवारिक पेंशनभोगियों की संख्या लगभग 67.5 लाख बताई जा रही है। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार यूपी कैडर के सेवानिवृत्त आईएएस, आईपीएस और आईएफएस अधिकारियों तथा उनके पारिवारिक पेंशनरों की संख्या भी हजारों में है। इनमें पूर्व मुख्य सचिव, डीजीपी, प्रमुख सचिव, मंडलायुक्त, जिलाधिकारी और वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं।
