बलिया : जांच में खुली सहायक अध्यापक की पोल, बीएसए ने किया सस्पेंड

बलिया : बीएसए मनीष कुमार सिंह ने शिक्षा क्षेत्र चिलकहर के कम्पोजिट विद्यालय सरयां बगडौरा के सहायक अध्यापक अनुराग कुमार को सस्पेंड कर दिया है।बीएसए ने यह कार्रवाई खंड शिक्षा अधिकारियों की दो सदस्यीय टीम की जांच रिपोर्ट पर की है। सहायक अध्यापक पर विद्यालय विलम्ब से आना, आने के बाद हस्ताक्षर बनाकर चले जाना, कभी-कभी विद्यालय पर आना ही नहीं, विद्यालय का माहौल खराब करना, शिक्षण कार्य में रूचि नहीं लेना तथा अधिकारियों से अमर्यादित व्यवहार करने जैसा गंभीर आरोप है। निलम्बन अवधि में सहायक अध्यापक अनुराग कुमार, प्रावि नसरतपुर (चिलकहर) से सम्बद्ध रहेंगे। 

बीएसए द्वारा जारी निलंबन आदेश के मुताबिक खण्ड शिक्षा अधिकारी चिलकहर ने अपने 13 मई को सहायक अध्यापक अनुराग कुमार से सम्बंधित आख्या उपलब्ध कराई, जिसमें उच्चाधिकारी के प्रति अपशब्द का प्रयोग करने, शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने, विद्यालय का माहौल खराब करने, प्रायः विद्यालय से बिना सूचना के अनुपस्थित रहने तथा हस्ताक्षर बनाकर विद्यालय से चले जाने का आरोप था। उक्त आख्या के क्रम में बीएसए ने 16 मई को खण्ड शिक्षा अधिकारी बांसडीह सुनील कुमार चौबे तथा खण्ड शिक्षा अधिकारी सोहांव लाल जी को संयुक्त जांच अधिकारी नामित कर जांच आख्या उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।

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जांच अधिकारी द्वय द्वारा उपलब्ध आख्या में सम्बन्धित सहायक अध्यापक पर पूर्व की शिकायतों को पुष्टित किया गया। इसके बाद 13 अगस्त को बीएसए ने सुनवाई की तिथि निर्धारित की। सुनवाई में सअ अनुराग कुमार द्वारा उपस्थित होकर अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत किया गया, जो संतोषजनक नहीं पाया गया। बीएसए ने खण्ड शिक्षा अधिकारी द्वय की आख्या के आधार पर आरोपों के क्रम में सअ अनुराग कुमार को तत्काल प्रभाव से निलम्बित कर दिया है। 

बीएसए ने कहा है कि प्रथम दृष्टया सहायक अध्यापक का कृत्य काफी गंभीर है। यह बच्चों के निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम 2009 के प्राविधानों एवं बाल अधिकारों का स्पष्ट उल्लंघन है। विद्यालय के छात्रों को शिक्षा से वंचित रखना तथा विद्यालय न आकर बिना कार्य किये हुए वेतन लेना, सरकारी धन का दुरूपयोग करना, अपने कर्तव्यों एवं दायित्वों के निर्वहन में घोर लापरवाही एवं उदासीनता का द्योतक है, जो उप्र सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली-1999 के संगत नियमों के सर्वथा विपरीत है। बीएसए ने प्रकरण की जांच के लिए खण्ड शिक्षा अधिकारी मुरलीछपरा दुर्गा प्रसाद सिंह को जांच अधिकारी नामित करते हुए निर्देशित किया है कि सम्बन्धित अध्यापक के विरूद्ध अलग से आरोप पत्र अधोहस्ताक्षरी से अनुमोदित कराकर अपचारी कर्मचारी का लिखित अभिकथन प्राप्त कर तथ्यपरक सुसंगत जांच आख्या 15 दिवस के अन्दर उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। निलम्बन अवधि में अनुराग कुमार को जीवन निर्वाह भत्ते की धनराशि देय होगी। 

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