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Bareilly ED Raid: बरेली में कारोबारी के ठिकानों पर दूसरे दिन भी ED की जांच जारी, GST घोटाले और मनी लॉन्ड्रिंग की पड़ताल तेज
बरेली। सौ करोड़ रुपये के कथित जीएसटी घोटाले और धन शोधन (मनी लॉन्ड्रिंग) मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की कार्रवाई लगातार दूसरे दिन भी जारी रही। मोबाइल और एफएमसीजी कारोबारी आशुतोष अग्रवाल के मारवाड़ीगंज स्थित आवास एवं कार्यालय पर बुधवार सुबह फिर से जांच शुरू की गई।
बड़े ब्रांड्स की डिस्ट्रीब्यूटरशिप भी जांच के दायरे में
आशुतोष अग्रवाल मोबाइल कारोबार के अलावा कई प्रमुख उपभोक्ता उत्पाद कंपनियों के स्टॉकिस्ट और कैरिंग एंड फॉरवर्डिंग (C&F) एजेंट बताए जाते हैं। जांच एजेंसियां उनके कारोबारी प्रतिष्ठानों, बैंक खातों, वित्तीय दस्तावेजों और सालाना कारोबार से जुड़े रिकॉर्ड की समीक्षा कर रही हैं।
अधिकारियों का ध्यान विशेष रूप से उन वित्तीय लेनदेन पर है, जिनका संबंध कथित जीएसटी अनियमितताओं और संदिग्ध धन प्रवाह से हो सकता है।
फर्जी कंपनियों के नेटवर्क की जांच
सूत्रों के अनुसार जांच एजेंसी को आशंका है कि फर्जी या कागजी कंपनियों के माध्यम से इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का अनुचित लाभ लिया गया। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि कहीं धन को विभिन्न खातों और संस्थाओं के माध्यम से घुमाकर दोबारा सिस्टम में तो नहीं लाया गया।
जांच के दौरान कंप्यूटर, मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल उपकरणों से डेटा एकत्र कर उसका विश्लेषण किया जा रहा है।
व्यापारिक जगत में चर्चा का विषय बनी कार्रवाई
ईडी की कार्रवाई के बाद शहर के व्यापारिक वर्ग में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। कारोबारी के आवास और कार्यालय के बाहर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। जांच पूरी होने तक कर्मचारियों और बाहरी लोगों के प्रवेश पर भी प्रतिबंध लगाया गया।
हाल की अन्य कार्रवाई से भी जुड़ रही कड़ियां
मारवाड़ीगंज क्षेत्र हाल के दिनों में लगातार जांच एजेंसियों की गतिविधियों के कारण चर्चा में रहा है। कुछ दिन पहले पुलिस और अन्य एजेंसियों द्वारा हवाला कारोबार से जुड़े मामले में कार्रवाई की गई थी। अब ईडी की जांच के बाद क्षेत्र में वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामलों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
फिलहाल ईडी की जांच जारी है। एजेंसी की ओर से अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे प्रकरण की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
