सैनिक का शव गांव में पहुंचते ही गमगीन हो गया माहौल सैन्य सम्मान के साथ पचरुखिया गंगा तट पर अंतिम संस्कार किया गया, हृदयाघात से उनकी मृत्यु हो गई.

सैनिक का शव गांव में पहुंचते ही गमगीन हो गया माहौल सैन्य सम्मान के साथ पचरुखिया गंगा तट पर अंतिम संस्कार किया गया, हृदयाघात से उनकी मृत्यु हो गई.

Ballia: सैनिक का शव गांव में पहुंचते ही गमगीन हो गया माहौल सैन्य सम्मान के साथ पचरुखिया गंगा तट पर अंतिम संस्कार किया गया, हृदयाघात से उनकी मृत्यु हो गई.

बलिया जिले के हल्दी थाना क्षेत्र के सुल्तानपुर निवासी सिपाही का शव रविवार देर शाम जैसे ही गांव पहुंचा तो परिजनों में कोहराम मच गया. गांव का माहौल गमगीन हो गया। वहीं सैनिक के शव का सैन्य सम्मान के साथ पचरुखिया गंगा तट पर अंतिम संस्कार कर दिया गया है.

यह भी पढ़े - बलिया में सरयू का कहर: कई मकान नदी में समाए, सैकड़ों परिवारों पर मंडराया संकट; कटान पीड़ितों का धरना जारी

मौत कार्डियक अरेस्ट से हुई थी

बता दें कि सिपाही सुजीत कुमार के बेटे केशव प्रसाद की शुक्रवार रात कार्डियक अरेस्ट के कारण जोधपुर सैन्य अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी. मौत की खबर मिलते ही पूरे गांव में मातम पसर गया। सुजीत की पोस्टिंग लेह से बदलकर जोधपुर कर दी गई थी। इसी बीच एक माह की छुट्टी बिताकर दो-तीन दिन पहले ही उसने ड्यूटी ज्वाइन की थी। इसी बीच शुक्रवार को अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। उन्हें तुरंत जोधपुर के सैन्य अस्पताल में भर्ती कराया गया।

पूरे गांव के लोगों की आंखें नम थीं

जहां देर रात इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। रविवार देर शाम सुजीत का शव उनके पैतृक गांव लाया गया। जिसे देखने के लिए पूरे गांव के लोग दौड़ पड़े। सबकी आंखें नम हो गई थीं, वहीं सिपाही सुजीत की पत्नी रेणु देवी, बेटे अभय और बेटी आकृति का रो-रो कर बुरा हाल है। सुजीत का अंतिम संस्कार पूरे सैन्य सम्मान के साथ पचरुखिया घाट पर किया गया। मुखाग्नि उनके इकलौते पुत्र अभय कुमार ने जलाई।

खबरें और भी हैं

Latest News

कारगिल विजय दिवस पर शहीदों के परिजनों और पूर्व सैनिकों का सम्मान, हरदोई में आयोजित हुआ सम्मान समारोह कारगिल विजय दिवस पर शहीदों के परिजनों और पूर्व सैनिकों का सम्मान, हरदोई में आयोजित हुआ सम्मान समारोह
हरदोई। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर आश्रय सेवा समिति की ओर से सैनिक कल्याण भवन में सम्मान समारोह आयोजित...
प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा स्वीकार
संभल: गंगा एक्सप्रेसवे पर डबल डेकर बस डिवाइडर से टकराई, 2 की मौत, दो दर्जन घायल
बाराबंकी में सड़क हादसे में छात्रा की मौत, शव रखकर ग्रामीणों ने लगाया जाम
2047 तक बदल सकती है भारत की हिंदू-मुस्लिम राजनीति, विकास के मुद्दे बन सकते हैं चुनावी केंद्र: डॉ. अतुल मलिकराम
Copyright (c) Parakh Khabar All Rights Reserved.