- Hindi News
- मनोरंजन
- राखी से कहीं बढ़कर है भाई-बहन का रिश्ता, सन नियो के सितारों ने साझा कीं खास यादें
राखी से कहीं बढ़कर है भाई-बहन का रिश्ता, सन नियो के सितारों ने साझा कीं खास यादें
मुंबई, अगस्त 2026: रक्षाबंधन भाई-बहन के प्यार और आपसी रिश्ते का त्योहार है, लेकिन इस रिश्ते की अहमियत सिर्फ राखी बांधने की परंपरा तक सीमित नहीं है। यह त्योहार साथ, भरोसे, देखभाल और हर परिस्थिति में एक-दूसरे के साथ खड़े रहने का एहसास भी है। इस रक्षाबंधन पर सन नियो के कलाकारों ने अपने भाई-बहनों के साथ जुड़ी यादों और इस खास रिश्ते के बारे में खुलकर बात की।
सूरज प्रताप सिंह: “मेरी कोई बहन नहीं है, लेकिन मेरे भाइयों ने हमेशा मेरा साथ दिया”
सूरज प्रताप सिंह ने कहा, “मेरी कोई बहन नहीं है। हम परिवार में तीन भाई हैं और मैं सबसे छोटा हूं। रक्षाबंधन से मेरी बचपन की कई प्यारी यादें जुड़ी हैं। उस दिन मेरी मां और मेरे दोनों बड़े भाई मुझे फिल्म दिखाने ले जाते थे। इसके बाद मेरा पसंदीदा खाना और घर पर ढेर सारी रस मलाई मिलती थी। मैं एक बार में 10 से 15 रस मलाई आसानी से खा जाता था।”
उन्होंने आगे कहा, “बेशक मुझे कभी बहन से राखी बंधवाने का मौका नहीं मिला, लेकिन मेरे बड़े भाइयों ने हमेशा मेरी रक्षा की और मेरा ख्याल रखा। मेरे लिए यही रक्षाबंधन की असली भावना है। रिश्ता भाई-बहन का हो, दो भाइयों का या दो बहनों का, प्यार जताने का तरीका अलग हो सकता है, लेकिन एक-दूसरे का साथ देना और मुश्किल वक्त में खड़े रहना सबसे ज्यादा मायने रखता है। इस साल रक्षाबंधन मेरे लिए और भी खास है, क्योंकि मेरे मौजूदा शो ‘दिव्य प्रेम: प्यार और रहस्य की कहानी’ में शुद्धि मुझे राखी बांधकर मेरी छोटी बहन बनेगी।”
आरती बिराजदार: “रक्षाबंधन हमारे लिए एक वादा है कि हम हमेशा साथ रहेंगे”
आरती बिराजदार ने कहा, “मेरा कोई भाई नहीं है, मेरी एक छोटी बहन है और हम रक्षाबंधन को अपने खास तरीके से मनाते हैं। बचपन से हमने राखी बांधने की पारंपरिक रस्म शायद नहीं निभाई, लेकिन हमें हमेशा पता था कि चाहे कुछ भी हो जाए, हम एक-दूसरे के साथ रहेंगे। बड़ी बहन होने के नाते मैं हमेशा उसकी रक्षा और उसका साथ देने के लिए तैयार हूं।”
बचपन की याद साझा करते हुए उन्होंने कहा, “हम दोनों साइकिल से स्कूल और ट्यूशन जाया करते थे। उसे साइकिल चलाना पसंद नहीं था, इसलिए वह अक्सर कोई न कोई बहाना बनाकर मेरी साइकिल के पीछे बैठ जाती थी और सारी मेहनत मुझे करनी पड़ती थी। वह बहुत शरारती थी, लेकिन आज वे यादें मेरे लिए बेहद खास हैं।”
उन्होंने आगे कहा, “आज हम दोनों अपने-अपने काम में व्यस्त हैं, लेकिन हमारा रिश्ता बिल्कुल वैसा ही है। हमारे लिए रक्षाबंधन सिर्फ राखी का त्योहार नहीं, बल्कि एक वादा है कि जब भी उसे मेरी भावनात्मक, आर्थिक या किसी भी तरह की जरूरत होगी, मैं हमेशा उसके साथ रहूंगी। जब मौका मिलता है, हम अपनी मां के साथ यह त्योहार मनाते हैं, अच्छा खाना खाते हैं और साथ समय बिताते हैं।”
नेहा सोलंकी: “दूरी प्यार और रिश्ते को कभी नहीं बदल सकती”
नेहा सोलंकी ने कहा, “मेरा एक छोटा भाई है, जो मेरे माता-पिता के साथ उत्तराखंड में रहता है। इस साल मैं रक्षाबंधन मनाने उसके पास घर नहीं जा पाऊंगी। भाई-बहन के रिश्ते को सेलिब्रेट करने वाले इस त्योहार पर घर से दूर रहना थोड़ा अधूरा सा लगता है। लेकिन मेरा मानना है कि दूरी हमारे प्यार और रिश्ते को कभी नहीं बदल सकती।”
उन्होंने आगे कहा, “इस साल भले ही मैं उसे राखी बांधने के लिए उसके पास नहीं रहूंगी, लेकिन मैं पूरी कोशिश करूंगी कि मैं जहां भी रहूं, उसे अपना प्यार महसूस करा सकूं। मेरे लिए भाई-बहन का रिश्ता सिर्फ एक दिन का नहीं, बल्कि हमेशा साथ रहने और एक-दूसरे की परवाह करने का रिश्ता है।”
सन नियो के कलाकारों की ये यादें बताती हैं कि रक्षाबंधन की भावना सिर्फ राखी की डोर तक सीमित नहीं है। कभी यह दो भाइयों के बीच सुरक्षा और प्यार में दिखाई देती है, कभी दो बहनों की दोस्ती में और कभी दूर रहकर भी एक-दूसरे के साथ होने के एहसास में।
देखिए ‘दिव्य प्रेम: प्यार और रहस्य की कहानी’ शाम 7 बजे और ‘थोड़ी सी उम्मीद थोड़ा सा आसमान’ शाम 7:30 बजे, हर सोमवार से शनिवार, सिर्फ सन नियो पर। ‘राजनंदिनी’ जल्द ही, सिर्फ सन नियो पर।
