राम मंदिर चढ़ावा प्रकरण: एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट में दान प्रबंधन व्यवस्था पर उठे सवाल, जांच का दायरा बढ़ाने की सिफारिश

लखनऊ। अयोध्या स्थित श्रीराम मंदिर के चढ़ावा प्रकरण की जांच कर रही विशेष जांच दल (एसआईटी) ने अपनी 20 पन्नों की प्रारंभिक रिपोर्ट शासन को सौंप दी है। लखनऊ मंडल के आयुक्त विजय विश्वास पंत की अध्यक्षता में गठित एसआईटी ने रिपोर्ट में दान प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था और वित्तीय निगरानी तंत्र से जुड़ी कई प्रक्रियात्मक खामियों की ओर संकेत किया है।

सूत्रों के अनुसार, एसआईटी ने मामले को केवल कथित गबन तक सीमित न मानते हुए निगरानी एवं प्रबंधन प्रणाली में मौजूद कमियों को भी गंभीरता से रेखांकित किया है। रिपोर्ट में दानपात्रों की सुरक्षा व्यवस्था, चाबियों के संचालन, नकदी गणना प्रक्रिया, रिकॉर्ड संधारण और बैंकिंग समन्वय प्रणाली की समीक्षा की गई है। जांच के दौरान कुछ मामलों में दस्तावेजी अभिलेखों और संबंधित व्यक्तियों के बयानों में अंतर पाए जाने की बात भी सामने आई है।

यह भी पढ़े - क्रिज़ैक ने फॉरेनएडमिट्स में किया रणनीतिक निवेश, विदेश में पढ़ाई के लिए लोन और वीज़ा सेवाएँ होंगी और आसान

एसआईटी ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट में कुछ मामलों में प्रथम दृष्टया आपराधिक जिम्मेदारी तय होने पर एफआईआर दर्ज किए जाने की सिफारिश की है। साथ ही पिछले पांच वर्षों के चढ़ावे का विशेष ऑडिट कराने, दान राशि के नियमित सत्यापन तथा वित्तीय निगरानी तंत्र को और अधिक पारदर्शी एवं तकनीक आधारित बनाने का सुझाव दिया गया है।

दो करोड़ रुपये की बरामदगी का दावा

जांच से जुड़े सूत्रों के मुताबिक अब तक पांच आरोपितों की निशानदेही पर करीब दो करोड़ रुपये की बरामदगी की जा चुकी है। एसआईटी ने लगभग 150 लोगों से पूछताछ करने और बड़ी संख्या में दस्तावेजों की जांच का भी उल्लेख किया है। रिपोर्ट में दान प्रबंधन प्रणाली को अधिक पेशेवर बनाने, सीसीटीवी निगरानी को मजबूत करने तथा डिजिटल ट्रैकिंग व्यवस्था लागू करने की आवश्यकता बताई गई है।

शासन स्तर पर रिपोर्ट की समीक्षा शुरू

मंगलवार को एसआईटी प्रमुख विजय विश्वास पंत ने अपनी टीम के अन्य सदस्यों के साथ अपर मुख्य सचिव (गृह) संजय प्रसाद को प्रारंभिक रिपोर्ट सौंप दी। शासन स्तर पर रिपोर्ट का परीक्षण शुरू हो गया है। अधिकारियों के अनुसार यह केवल प्रारंभिक रिपोर्ट है और जांच प्रक्रिया अभी जारी है। कई वित्तीय लेन-देन, दस्तावेजों और संबंधित व्यक्तियों की भूमिका की विस्तृत पड़ताल अभी शेष है।

आगे की कार्रवाई पर टिकी निगाहें

चूंकि मामला श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट और करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा है, इसलिए आगे की कार्रवाई को लेकर सभी की निगाहें शासन और केंद्र स्तर पर होने वाले निर्णयों पर टिकी हैं। सूत्रों का कहना है कि अंतिम रिपोर्ट आने के बाद प्रशासनिक सुधार, निगरानी तंत्र को मजबूत करने और दान प्रबंधन व्यवस्था में व्यापक बदलाव जैसे मुद्दों पर भी विचार किया जा सकता है।

हालांकि, मामले में अंतिम निष्कर्ष एसआईटी की विस्तृत जांच रिपोर्ट और संबंधित अधिकारियों के निर्णय के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।

खबरें और भी हैं

Latest News

Amethi News: शादी समारोह में डांस को लेकर हुआ विवाद, दो पक्षों में खूनी संघर्ष; एक की मौत, दो घायल Amethi News: शादी समारोह में डांस को लेकर हुआ विवाद, दो पक्षों में खूनी संघर्ष; एक की मौत, दो घायल
अमेठी। जिले के कमरौली थाना क्षेत्र अंतर्गत बरसंडा गांव में शादी समारोह के दौरान डांस को लेकर शुरू हुआ मामूली...
राम मंदिर चढ़ावा प्रकरण: एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट में दान प्रबंधन व्यवस्था पर उठे सवाल, जांच का दायरा बढ़ाने की सिफारिश
Ballia News: चोरी का मुकदमा दर्ज कराने की मांग को लेकर युवक जियो टावर पर चढ़ा, 4.30 घंटे बाद सुरक्षित उतरा
आज का राशिफल 24 जून 2026: जानिए सभी 12 राशियों का दैनिक भविष्यफल
Ballia News : सीमा वर्मा ने संभाला औषधि निरीक्षक का कार्यभार, बनीं बलिया की पहली महिला ड्रग इंस्पेक्टर
Copyright (c) Parakh Khabar All Rights Reserved.