बलिया के 50 हजार के इनामी नक्सली अपराधी को STF ने असम से किया गिरफ्तार

बलिया: शहर कोतवाली क्षेत्र के सहरसपाली गांव निवासी और कई गंभीर आपराधिक घटनाओं में वांछित 50 हजार रुपये के इनामी अपराधी राजकुमार वर्मा उर्फ प्रदीप वर्मा को यूपी एसटीएफ ने असम के कामरूप-गुवाहाटी से गिरफ्तार किया है। आरोपी वर्ष 2012 में सहतवार थाना क्षेत्र के अतडरिया गांव की पूर्व ग्राम प्रधान और वर्तमान प्रधान मुसाफिर चौहान की पत्नी फूलमती की हत्या के मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था।

एसटीएफ के मुताबिक, वाराणसी के सीओ शैलेश प्रताप सिंह के पर्यवेक्षण में निरीक्षक अमित श्रीवास्तव की टीम आरोपी की तलाश में अभिसूचना संकलन कर रही थी। इसी दौरान सूचना मिली कि राजकुमार वर्मा असम में छिपकर रह रहा है। मुखबिर की सूचना के आधार पर टीम ने बुधवार को गुवाहाटी के बकरा पाड़ा रोड से उसे गिरफ्तार कर लिया।

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आपसी रंजिश में कई वारदातों का आरोप

एसटीएफ के अनुसार, पूछताछ में सामने आया कि राजकुमार वर्मा पर वर्ष 2007 में दुकानदारी के विवाद में सहरसपाली गांव के माधव ठाकुर के परिवार के साथ मारपीट का मुकदमा दर्ज हुआ था। वर्ष 2008 में आपसी रंजिश के चलते गांव के जयंत ठाकुर को गोली मारने का भी आरोप है, जिसमें वह बाल-बाल बच गए थे।

इसी दौरान राजकुमार वर्मा के भाई की गांव में हत्या हो गई। पुलिस के मुताबिक, राजकुमार को आशंका थी कि उसके भाई की हत्या के पीछे सोहन सिंह गुट के लोग हैं और सोहन उन्हें संरक्षण देता है। इसी आशंका में उसने वर्ष 2008 में सोहन सिंह की हत्या कर दी। इस मामले में भी कोतवाली में मुकदमा दर्ज हुआ था।

नक्सली संगठन से जुड़ने का आरोप

एसटीएफ के अनुसार, इसके बाद राजकुमार वर्मा का संपर्क प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन सीपीआई (माओवादी) से जुड़े कुख्यात आरोपी सीताराम उर्फ धनु से हुआ। इसके बाद वह कथित तौर पर नक्सली गतिविधियों में सक्रिय हो गया।

पुलिस के मुताबिक, संगठन को आशंका थी कि सहतवार थाना क्षेत्र के अतडरिया गांव के प्रधान मुसाफिर चौहान पुलिस के लिए मुखबिरी करते हैं। वर्ष 2012 में राजकुमार वर्मा अपने करीब आधा दर्जन साथियों के साथ पुलिस की वर्दी में प्रधान के घर पहुंचा। प्रधान के घर पर नहीं मिलने पर आरोपियों ने उनकी पत्नी फूलमती की गोली मारकर हत्या कर दी।

इस मामले में राजकुमार के कई साथी पहले गिरफ्तार किए जा चुके हैं। एसटीएफ के मुताबिक, उसका प्रमुख सहयोगी और 50 हजार रुपये का इनामी सीताराम उर्फ धनु वर्ष 2025 में एटीएस द्वारा गिरफ्तार किया गया था।

2012 से था फरार

फूलमती हत्याकांड के बाद से राजकुमार वर्मा लगातार फरार चल रहा था। एसटीएफ ने उसे असम के कामरूप-गुवाहाटी से गिरफ्तार करने के बाद स्थानीय अदालत में पेश किया है। पुलिस अब ट्रांजिट रिमांड लेकर आरोपी को उत्तर प्रदेश लाने की प्रक्रिया में जुटी है।

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