आईआईटी कानपुर की पीएचडी छात्रा से यौन शोषण के आरोप में फंसे एसीपी मोहसिन निलंबित, जानिए पूरा मामला

कानपुर। आईआईटी कानपुर की पीएचडी छात्रा से यौन शोषण के मामले में आरोपी सहायक पुलिस उपायुक्त (एसीपी) मोहम्मद मोहसिन को डीजीपी मुख्यालय ने निलंबित कर दिया है। छात्रा ने उनके खिलाफ कल्याणपुर थाने में दो एफआईआर दर्ज कराई थीं, जिनकी जांच के लिए पुलिस कमिश्नर अखिल कुमार के निर्देश पर एसआईटी का गठन किया गया था।

छात्रा ने डीजीपी को भेजा पत्र

पीड़िता ने डीजीपी और एडीजी लॉ एंड ऑर्डर को पत्र और ईमेल भेजकर आरोपी एसीपी की बर्खास्तगी की मांग की थी। उसका आरोप था कि पुलिस महकमे से जुड़े होने के कारण मोहसिन पर स्थानीय पुलिस कोई सख्त कार्रवाई नहीं कर रही है। छात्रा ने यह भी दावा किया कि आरोपी ने हाईकोर्ट से गिरफ्तारी और चार्जशीट पर स्टे ले लिया है। उसने कहा कि वह अंत तक लड़ाई लड़ेगी और आरोपी को सजा दिलवाकर ही दम लेगी।

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पश्चिम बंगाल की छात्रा ने लगाए गंभीर आरोप

पीड़िता, जो पश्चिम बंगाल से है, ने 12 दिसंबर 2024 को कल्याणपुर थाने में एसीपी मोहसिन खान के खिलाफ शादी का झांसा देकर यौन शोषण की एफआईआर दर्ज कराई थी। इस मामले के उजागर होने के बाद विभाग की छवि खराब हुई, जिससे उन्हें तुरंत लखनऊ पुलिस मुख्यालय अटैच कर दिया गया था।

बाद में, 19 दिसंबर को हाईकोर्ट ने एसीपी की गिरफ्तारी और चार्जशीट दाखिल करने पर रोक लगा दी। 24 दिसंबर को छात्रा ने कल्याणपुर थाने में एक और एफआईआर दर्ज कराई, जिसमें मोहसिन के अलावा उनके वकील गौरव दीक्षित को भी आरोपी बनाया गया। इस पूरे मामले की जांच एसआईटी कर रही है, और जांच अब लगभग पूरी हो चुकी है।

हाईकोर्ट में एसीपी की याचिका

16 दिसंबर को एसीपी मोहसिन खान ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर गिरफ्तारी से बचने और एफआईआर को रद्द करने की मांग की थी। हाईकोर्ट ने फिलहाल उनकी गिरफ्तारी और चार्जशीट पर स्टे लगाया है। इस मामले की अगली सुनवाई 20 मार्च को होनी है। वहीं, छात्रा ने कोर्ट में स्टे खारिज कराने के लिए अपना वकील नियुक्त किया है।

आईआईटी में हुई थी मुलाकात, फिर बढ़ी नजदीकियां

पीड़िता के मुताबिक, उसकी पहली मुलाकात दिसंबर 2023 में आईआईटी कानपुर में एसीपी मोहसिन से हुई थी। बातचीत के दौरान उसने पीएचडी एडमिशन के लिए मदद मांगी, जिस पर मोहसिन ने सहमति जताई। उन्होंने छात्रा की एडमिशन फीस जमा कराई और इंटरव्यू के लिए टिप्स दिए। एडमिशन के बाद दोनों के बीच दोस्ती गहरी हो गई।

झूठ बोलकर रिश्ते में फंसाने का आरोप

छात्रा ने बताया कि मोहसिन ने खुद को अविवाहित बताया था, लेकिन कुछ समय बाद उसे पता चला कि वह शादीशुदा हैं। जब इस बारे में सवाल किया गया, तो मोहसिन ने कहा कि उनकी पत्नी से तलाक होने वाला है और उनकी एक 5 साल की बेटी भी है। पीड़िता ने एक बार फिर उन पर भरोसा कर लिया, लेकिन 27 नवंबर को जब मोहसिन दूसरी बार पिता बने, तो छात्रा को धोखा देने का अहसास हुआ।

इसके बाद उसने आईआईटी प्रशासन और पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी और शिकायत दर्ज कराई। अब यह मामला हाईकोर्ट और एसआईटी के दायरे में है, जहां आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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